चंदौली जिले की कोतवाली पुलिस व क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम ने मंगलवार की देर रात लगभग डेढ़ बजे ट्रक व बोलेरो में लदी भारी मात्रा में अवैध अंग्रेजी शराब बरामद की। औद्योगिक नगर के समीप घेरेबंदी कर पुलिस ने पांच अंतरप्रांतीय शराब तस्कर को भी गिरफ्तार किया। आरोपित 65 लाख रुपये मूल्य की अंग्रेजी शराब की 64800 शीशी बिहार ले जाने के फिराक में लगे थे। मामले में पुलिस कप्तान संतोष सिंह ने बुधवार को कोतवाली में तस्करों के गिरफ्तारी का खुलासा किया।

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि कोतवाली शिवानंद मिश्रा और क्राइम ब्रांच प्रभारी सतेंद्र सिंह ने मुखबिर की सूचना पर मयफोर्स औद्योगिक नगर में पराम पशु आहार के समीप नेशनल हाईवे पर ओवरब्रिज के पार ट्रक व बोलेरो को रोकने का प्रयास किया। दोनों वाहन के चालक पुलिस टीम को कुचलने का प्रयास करते हुए गति बढ़ा दी। पुलिस टीम ने पीछा कर ट्रक व बोलेरो को पकड़ लिया। ट्रक में 1325 पेटी और बोलेरो में 25 पेटी अंग्रेजी शराब बरामद की गई। कुल 64 हजार 800 अंग्रेजी शराब की शीशियों की कीमत लगभग 65 लाख रुपये आंकी गई है।

पुलिस टीम ने आरोपित तस्कर बिहार के जिला रोहतास थाना डेहरी टाउन अंतर्गत मोहनबीघा निवासी अभिमन्यु सिंह व गोरख प्रसाद, हरियाणा के जिला फतेहाबाद थाना बटुककला अंतर्गत खबराकलां निवासी सुनील जाट व मुकेश कुमार और हरियाणा के जिला हिसार थाना आदमपुर मंडी अंतर्गत बोढ़िया विश्रोइयां निवासी सोहनलाल को गिरफ्तार किया। आरोपित शराब की खेप बिहार ले जाने की फिराक में लगे थे। बिहार में शराब बंदी का लाभ उठाने को पहले भी शराब की खेप हरियाणा ले जा चुके हैं।

ऐसे जाती है बिहार

एसपी संतोष सिंह ने बताया कि आरोपित तस्कर फर्जी बिल्टी के आधार पर शराब की खेप बिहार ले जाते थे। हरियाणा से पशु आहार के नाम पर फर्जी बिल्टी मिली है। ट्रक व बोलेरो का नंबर प्लेट भी नकली पाया गया है। बिहार में शराब बंदी की वजह से तस्करी बढ़ी है। आरोपित हरियाणा से शराब लेकर जाकर बिहार में ऊंचे दाम पर बेचने का गोरखधंधा करते हैं।

शराब तस्करी का मास्टर माइंड

अंतरप्रांतीय शराब तस्कर अभिमन्यु सिंह पहले भी शराब तस्करी के आरोप में जेल जा चुका है। बिहार प्रांत के डेहरी थाने की पुलिस ने 200 शराब की शीशी के साथ गिरफ्तार किया था। जेल से जमानत पर छूटने के बाद फिर से शराब की तस्करी में संलिप्त हो गया।