चंदौली जिले की सकलडीहा तहसील इलाके की एक महिला ने मंगलवार को एसपी कार्यालय पहुंचकर मृत विवाहिता की मां ने मुकदमा दर्ज करने की गुहार लगाई है। महिला का कहना है कि बेटी की हत्या की रिपोर्ट लिखाने के लिए सदर कोतवाली में तहरीर दी गई थी। पुलिस ने तहरीर लेने से भी इनकार करते हुए वहां से भगा दिया।

बताया जा रहा है कि सकलडीहा कोतवाली के बलारपुर गांव के राजेश यादव की पुत्री श्वेता यादव की वर्ष 2010 में सदर कोतवाली के दाउतपुर गांव में हुई थी। शादी के पांच साल बाद 2015 में गौना पर बिदाई हुआ।

परिजनों ने आरोप लगाया कि बेटी को पच्चास हजार रूपया और पल्सर गाड़ी के लिये सास ससुर दामाद परिवार के अन्य सदस्य बराबर उत्पीड़न करते थे। इसी कारण से विगत 6 माह पूर्व बेटी घर चली आयी थी। दो माह पूर्व समझाने बुझाने पर विदाई कर दिया गया था। सोमवार को बेटी की मौत की खबर मिलने पर परिजनों में कोहराम मच गया।

इसके बाद मामले को लेकर सदर कोतवाली पहुंचकर परिजनों ने घटना के बाबत तहरीर दिया। लेकिन पुलिस ने पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही मुकदमा दर्ज करने की बात कही और वहां से भगा दिया। फिर मंगलवार को एसपी कार्यालय पहुंचकर बेटी की मां उर्मिला देवी ने न्याय की गुहार लगाया।

हालांकि एसपी से मुलाकात न होने पर महिला ने वहां मौजूद एक दरोगा को अपना पत्र सौंपा। इस बाबत सीओ सदर त्रिपुरारी पांडेय ने बताया कि पीड़ित परिवार के साथ न्याय होगा। पीएम रिपोर्ट आने के बाद मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी।