स्टेट बैंक ऑफ इण्डिया चन्दौली में बाढ़ू राम के दो अलग-अलग व्यक्तियों का खाता है, जिनका खाता संख्या भी अलग है लेकिन बैंक की लापरवाही से एक बाढ़ू राम का ए.टी.एम, दूसरे बाढ़ू राम के पते पर भेज दिया गया और दूसरे बाढ़ू राम को ए.टी.एम का पासवर्ड भी उपलब्ध करा दिया गया।

बैंक की इस लापरवाही के बाद वादी के खाते में दूसरे बाढ़ू राम का आधार भी लिंक कर दिया गया। इस बात का फायदा उठाते हुये बर्थरा खुर्द के बाढ़ू राम द्वारा पिछले 18 माह से जमुनीपुर के बाढ़ू राम के खाते से लगातार पैसा निकाला जाता रहा जिसमें से अब तक कुल लगभग 81000 रू. निकाले जा चुके थे।

जब इस बात की खबर जमुनीपुर निवासी बाढ़ू राम को चला तो उन्होने बैंक से शिकायत की, लेकिन बैंक द्वारा समस्या के समाधान न होने पर पीड़ित द्वारा 25/06/19 को पुलिस अधीक्षक चन्दौली के समक्ष उक्त सम्बन्ध में प्रार्थना पत्र देते हुए आवश्यक कार्यवाही करने का आग्रह किया गया।  जिसपर पुलिस अधीक्षक चन्दौली द्वारा तत्काल इस सम्बन्ध में आवश्यक विधिक कार्यवाही करने हेतु साइबर सेल चन्दौली को आदेशित किया गया।

साइबर सेल चन्दौली मे कार्यरत राहुल कुमार सिंह द्वारा तत्परता पूर्वक कार्यवाही करते हुए लिंक आधार व तकनीकी साक्ष्यों की मदद से बर्थरा खुर्द निवासी बाढ़ू राम तक पहुँच कर पूछताछ किया गया, जिसपर उसके द्वारा अपनी गलती स्वीकार करते व क्षमा याचना करते हुये निकाले गये पैसे को वापस करने हेतु कहा गया।

आज दिनाँक 05 जुलाई को पीड़ित का सम्पूर्ण धनराशि वापस कराया गया। चन्दौली पुलिस सभी बैंक खाताधारको को आगाह करती है कि वो अपने खाते से सम्बन्धित किसी भी प्रकार की जानकारी, एटीएम कार्ड, सी0वी0वी0, पिन आदि किसी के साथ शेयर न करें, जागरूक बनें तथा अपने मेहनत से संचय किये गये धन को किसी दूसरे के हाथों में जाने से बचाये।