नहर का तटबंध टूटने से पांच सौ बीघा गेहूं की फसल जलमग्न, मिलेगा मुआवजा

चंदौली जिले के नियामताबाद क्षेत्र के ख्यालगढ़ गांव के पास रविवार की देर रात नहर का तटबंध टूट जाने से करीब पांच सौ बीघा गेहूं की फसल जलमग्न हो गई।

जानकारी होने पर सोमवार को एक्सईएन मनोज सिंह के नेतृत्व में सिंचाई विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। विभागीय अधिकारी और कर्मचारी तटबंध के मरम्मत कार्य में जुट गए हैं। नरायनपुर पंप नहर को तत्काल बंद कराया दिया है। वहीं, नुकसान के आकलन में सिंचाई विभाग की राजस्व टीम जुट गई है।

सिंचाई विभाग की लापरवाही ने किसानों की परेशानी बढ़ा दी है। रविवार की देर रात नरायनपुर पंप कैनाल का तटबंध टूटने से किसानों की करीब पांच सौ बीघा गेंहू की फसल जलमग्न हो गई। किसानों ने विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया। सूचना पर सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता मनोज सिंह विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ रात में ही मौके पर पहुंच कर मरम्मत कार्य शुरू कर दिया।

जिले में सिंचाई के लिए नरायनपुर पंप कैनाल का निर्माण कराया गया है। इससे क्षेत्र के गांवों के किसानों के फसल की सिंचाई होती है। रविवार की देर रात नियामताबाद विकास खंड के ख्यालगढ़ गांव के पास कुलावा संख्या 82 पर तटबंध टूट गया। इससे करीब पांच सौ बीघा फसल जलमग्न हो गई। किसानों ने इसकी सूचना विभाग के अधिकारियों को दी। देर रात ही विभागीय अधिकारियों ने पंप कैनाल को बंद कराया।

वहीं अधीनस्थों व पुलिस टीम के साथ अधिशासी अभियंता मनोज सिंह भी पहुंचे। यहां 50 से अधिक मजदूरों और जेसीबी की मदद से तटबंध को बांधने का कार्य शुरू कराया गया।

अधिशासी अभियंता मनोज सिंह ने बताया कि कुलावा के पास ग्रामीण अपने पशुओं को पानी पिलाने और नहलाने के लिए आते हैं। पशुओं के आने जाने से तटबंध कमजोर हो गया था, इसके कारण टूट गया। उसकी मरम्मत करा दी गई है। पानी से हुए फसलों के नुकसान का आकलन सिंचाई विभाग की राजस्व टीम कर रही है। खेतों से पानी निकालने की व्यवस्था भी कर दी गई है।